| Paper Title | भक्ति आन्दोलन के दादू पन्थ में मुस्लिम संतों का योगदान :- एक विश्लेष्णात्मक अध्ययन |
| Author(s) | सुश्री नीलम सेनिया. |
| Country | India |
| Abstract | भक्ति आंदोलन का भारतीय समाज को चिंतनशील बनाने में मुख्य भूमिका है। यह विषय उत्तर भारत की संत परंपरा को नयी दृष्टि से मूल्यांकित करने का एक प्रयास है। हिन्दी संत परंपरा में दादू पंथ के मुस्लिम कवियों को जानने का प्रयास है। हिन्दी संत साहित्य में जायसी जैसे बड़े कवि को छोड़ दिया जाए तो अभी तक मुस्लिम संतों पर ठीक से काम नहीं हुआ है, संत साहित्य में उनके योगदानों पर चर्चा होनी अभी शेष है। इसी को केंद्रित कर यह लेख लिखा गया है जिससे दादूपंथ और मुस्लिम सन्तों के कई आयाम सामने आएंगे। इस अध्ययन में दादूपंथी मुस्लिम संतों विशेष रूप से रज्जब, बखना तथा वाजिंद के साहित्य का गंभीरता पूर्वक अध्ययन किया जायेगा, साथ ही हिन्दी संत साहित्य के विकास में इन संतों के योगदान भी रेखांकित किये जायेंगे। |
| Subject Area | हिन्दी साहित्य |
| Issue | Volume 3, Issue 1 (January - March 2026) |
| Published | 2026/02/04 |
| How to Cite | नीलम सेनिया (2026). भक्ति आन्दोलन के दादू पन्थ में मुस्लिम संतों का योगदान :- एक विश्लेष्णात्मक अध्ययन. Shodh Sangam Patrika, 3(1), 10–14. |
| License |
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